महाविद्यालय में विद्यार्थियों को मिला स्वरोजगार का मंत्र

सागर। उच्च शिक्षा विभाग म.प्र. शासन द्वारा आयोजित सेवा पखवाड़ा के अंतर्गत शासकीय कला एवं वाणिज्य अग्रणी महाविद्यालय सागर में विद्यार्थियों को स्वरोजगार और उद्यमिता की दिशा में प्रेरित करने हेतु जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया कार्यक्रम की अध्यक्षता महाविद्यालय प्राचार्य डॉ.सरोज गुप्ता ने की कार्यक्रम का आयोजन डॉ संगीता मुखर्जी द्वारा किया गया इस दौरान सेवा पखवाड़ा कार्यक्रम संयोजक डॉ अमर कुमार जैन, विवेकानंद कैरियर मार्गदर्शन केंद्र प्रभारी डॉ संदीप सबलोक व सेडमैप के समन्वयक एनएस तोमर ने विद्यार्थियों को स्वरोजगार के संबंध में आवश्यक मार्गदर्शन दिया प्राचार्य डॉ. गुप्ता ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि संघर्ष हर किसी के जीवन में आता है, लेकिन संघर्ष को स्वीकार करने वाला ही सफलता पाता है उन्होंने कहा कि आज सरकारी नौकरियां सीमित हैं यदि हम अपने पूर्वजों से मिले लघु एवं कुटीर उद्योगों की परंपरा को आगे बढ़ाएं तो आर्थिक आत्मनिर्भरता संभव है अगरबत्ती मोमबत्ती,पेपर बैग, वॉल हैंगिंग जैसी सामग्री बनाकर विद्यार्थी भी सफलता की नई ऊँचाइयाँ छू सकते हैं नौकरी से आजीविका चलती है, लेकिन स्वरोजगार से दूसरों को भी रोजगार मिलता है
डॉ.संदीप सबलोक ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि स्वरोजगार केवल जीविका का साधन नहीं है बल्कि यह सृजनात्मकता, नवाचार और नेतृत्व क्षमता को भी विकसित करता है उन्होंने विद्यार्थियों से आह्वान किया कि वे समाजोपयोगी कार्यों में अपनी रचनात्मकता को बदलकर भविष्य का निर्माण करें इस अवसर पर महाविद्यालय के विद्यार्थियों शीतल पटेल स्वेत बाधव व पुनीत राजपूत द्वारा अपने द्वारा शुरू किए गए स्टार्टअप की जानकारी और चुनौतियों को छात्र-छात्राओं से साझा किया उन्होंने बताया कि कोई भी प्रोडक्ट परफेक्ट नहीं होता उसे फीडबैक के द्वारा परफेक्ट बनाया जा सकता है और व्यापार में सफलता हासिल की जा सकती है कार्यक्रम में करीब 70 छात्र छात्रों ने भाग लेकर लघु एवं कुटीर उद्योगों के माध्यम से स्वरोजगार से संबंधित जानकारी हासिल की।
     

Post a Comment

0 Comments